जिस दिन हम "तथाकथित" छोटे से छोटे पद वाले इंसान को भी इंसान समझकर उसकी गरिमा का सम्मान करते हुए मान देंगे उस दिन "तथाकथित" बड़े पद वाले लोगों के प्रति इनके मन से जलन कुछ कम हो जाएगी |
जैसे एक ड्राइवर भी चाहता है कि लोग उसे ड्राइवर नहीं उसके नाम से बुलाएँ जिसे उसके माता पिता ने बड़े प्यार से रखा होगा |
-लवकुश कुमार